नॉन - बायोलॉजिकल की माफीगिरी: विष्णु नागर
राजनैतिक व्यंग्य-समागम 1. नॉन-बायोलॉजिकल की माफीगिरी: विष्णु नागर जेन जी, देखी तुमने इस बूढ़े की चालाकी, इसकी शैतानी, इसका खेला ! कितनी चालाकी से वह प्रेम जताते हुए तुम्हें क...
संपूर्ण वाचाबहुजन दार्शनिकांच्या विचारांसाठी समर्पित
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राजनैतिक व्यंग्य-समागम 1. नॉन-बायोलॉजिकल की माफीगिरी: विष्णु नागर जेन जी, देखी तुमने इस बूढ़े की चालाकी, इसकी शैतानी, इसका खेला ! कितनी चालाकी से वह प्रेम जताते हुए तुम्हें क...
संपूर्ण वाचाBy M A Baby The victory of the students and youth at Delhi’s Jantar Mantar has scripted a new chapter in the history of independent India. It gives a clear indication that this ...
संपूर्ण वाचाआलेख : मालिनी भट्टाचार्य, अंग्रेजी से अनुवाद : संजय पराते विगत 20 जुलाई की आधी रात को, कुछ 'अज्ञात बदमाशों' ने पश्चिम बंगाल के औद्योगिक शहर रानीगंज के एक मुख्य चौराहे पर लगी राह...
संपूर्ण वाचाआलेख : एम ए बेबी, अनुवाद : संजय पराते दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों और युवाओं की जीत ने आज़ाद भारत के इतिहास में एक नया अध्याय लिखा है। इससे यह साफ़ संकेत मिलता है कि इससे नरे...
संपूर्ण वाचाराजनैतिक व्यंग्य - समागम ये जेन ज़ी-जेन ज़ी क्या है ? : राजेंद्र शर्मा ये जेन-ज़ी, जेन-ज़ी क्या है? माने नौजवान हैं, अच्छी बात है। माने पढ़े-लिखे हैं, और अच्छी बात है। अपना दिम...
संपूर्ण वाचाराजनैतिक व्यंग्य - समागम मुख्य न्यायाधीश के लिए एक खुला खत : विष्णु नागर मुख्य न्यायाधीश जी, आप किसी और देश, किसी और समय, किसी और ग्रह के वासी तो नहीं हैं? लगता तो कुछ ऐसा ही...
संपूर्ण वाचा( आलेख : राजेंद्र शर्मा ) आखिरकार, शिक्षा मंत्री के पद से धर्मेंद्र प्रधान की विदाई हो गयी। कॉकरोच जनता पार्टी के सहारे सामने आयी युवा आक्रोश की आंधी ने मोदीशाही को अपने इस...
संपूर्ण वाचाअरुणा असफ अली : ( १६ जुलै १९०९ — २९ जुलै १९९६). भारतीय स्वातंत्र्यलढ्यातील क्रांतिकारी महिला, छोडो भारत आंदोलनातील वीरांगना आणि भारतरत्न पुरस्काराच्या मानकरी. अरुणा उपें...
संपूर्ण वाचाडॉ. कुमार सप्तर्षी हे एक ज्येष्ठ समाजवादी विचारवंत, 'युवक क्रांती दलाचे (युक्रांद) संस्थापक व समाजवादी नेते होते. त्यांनी वैद्यकीय शिक्षण पूर्ण करून ही उपेक्षित घटकांसाठी व सामाजिक...
संपूर्ण वाचानीतीश और नायडू की सत्ता लोलुपता और युवाओं से विश्वासघात लोकतंत्र में युवा और छात्र देश की रीढ़ होते हैं, लेकिन आज भारत का भविष्य सड़कों पर लहूलुहान है। अपनी नौकरियों, निष्पक्ष प...
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