मुख्य मजकुराकडे जा

dr Babasaheb Ambedkar

या श्रेणीतील सर्व बातम्या आणि लेख

ओबीसीकेंद्रित राजकारणाची लाट !

ओबीसीकेंद्रित राजकारणाची लाट !

12-05-2023 1082 वाचने

- अनुज हुलके     वज्रमूठ सभेतील तोबा गर्दीने तुडुंब भरलेला परिसर बघून वज्रमूठ आवळण्यात सहभागी असलेले राजकीय पक्ष आणि नेते सुखावले असतील. महाराष्ट्रात एकामागून एक ...

संपूर्ण वाचा
कार्ल मार्क्स जयंतीनिमित्त शेतकरी कामगार पक्षप्रणीत विद्यार्थी संघटनेचा चक्क महाभंडारा !

कार्ल मार्क्स जयंतीनिमित्त शेतकरी कामगार पक्षप्रणीत विद्यार्थी संघटनेचा चक्क महाभंडारा !

12-05-2023 963 वाचने

    मुंबई : सध्या गावोगावी सुरू असलेल्या जत्रा, उत्सव आणि महाभंडाऱ्याच्या उत्साहात येऊ घातलेल्या निवडणुकांनी रंग भरले आहेत. या जत्रांपासून काहीशी फारकत घेतलेल्या मुं...

संपूर्ण वाचा
महाराष्ट्र : एक भाषावार प्रांत - डॉ. भीमराव अम्बेडकर

महाराष्ट्र : एक भाषावार प्रांत - डॉ. भीमराव अम्बेडकर

11-05-2023 870 वाचने

भाषावार प्रांत आयोग को प्रस्तुत वक्तव्य 1948 में पहली बार प्रकाशित, 1948 में संस्करण का पुनर्मुद्रण महाराष्ट्र : एक भाषावार प्रांत भाग I भाषावार प्रांतों के निर्माण की सम...

संपूर्ण वाचा
जातीनिहाय जनगणनेसाठी मंडल यात्रा

जातीनिहाय जनगणनेसाठी मंडल यात्रा

10-05-2023 958 वाचने

यात्रेत भारत सरकारतर्फे जातीनिहाय जनगणना झालीच पाहिजे हा मुख्य मुद्दा असणार आहे.      दि. 07 मे 2023 MTDC Hotel सिव्हिल लाइन्स नागपूर येथे मंडल यात्रेच्या पू...

संपूर्ण वाचा
एम के स्टालिन के नेतृत्व में भाजपा विरोधी राष्ट्रीय गठबंधन: 2024

एम के स्टालिन के नेतृत्व में भाजपा विरोधी राष्ट्रीय गठबंधन: 2024

09-05-2023 759 वाचने

जाति अंत का सवाल दिल्ली दरबार में दाखिल - प्रोफे. श्रावण देवरे      जाति अंत का एजेंडा राष्ट्रीय स्तर पर एजेंडे के रूप में न आने पाए इसके लिए ब्राह्मणी छावनी...

संपूर्ण वाचा
जातिप्रथा और उन्मूलन

जातिप्रथा और उन्मूलन

03-05-2023 309 वाचने

जातिप्रथा और उन्मूलन - महात्मा गांधी को दिया गया उत्तर - लेखक - डॉ. भीमराव अम्बेडकर जातिप्रथा - उन्मूलन द्वितीय संस्करण की प्रस्तावना     लाहौर के जातपांत तोड़क म...

संपूर्ण वाचा
जातिप्रथा और धर्म परिवर्तन - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

जातिप्रथा और धर्म परिवर्तन - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

03-05-2023 580 वाचने

    हिंदू समाज की वर्तमान उथल-पुथल का कारण है, आत्म-परिरक्षण के भावना। एक समय था, जब इस समाज के अभिजात वर्ग को अपने परिरक्षण के बारे में कोई डर नहीं था। उनका तर्क था...

संपूर्ण वाचा
जातिप्रथा का अभिशाप - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

जातिप्रथा का अभिशाप - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

03-05-2023 516 वाचने

    जैसा कि मैं प्रथम निबंध (‘भारत में जातिप्रथा') में बता चुका हूं, कोई जाति एकल संख्या में नहीं हो सकती। जाति केवल बहुसंख्या में ही जिंदा रह सकती है। वास...

संपूर्ण वाचा
बुद्ध अथवा कार्ल मार्क्स - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

बुद्ध अथवा कार्ल मार्क्स - डॉ. भीमराव आम्बेडकर

03-05-2023 656 वाचने

    कार्ल मार्क्स तथा बुद्ध में तुलना करने के कार्य को कुछ लोगों द्वारा एक मजाक माना जाए, तो इसमें कोई आश्चर्य नहीं है। मार्क्स तथा बुद्ध के बीच 2381 वर्ष का अंतर है...

संपूर्ण वाचा