भगवान बुद्ध और उनका धम्म - लेखक -  डॉ. भीमराव आम्बेडकर

भगवान बुद्ध और उनका धम्म - लेखक -  डॉ. भीमराव आम्बेडकर

     भगवान बुद्ध और उनका धम्म यह डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा रचित प्रसिद्ध ग्रन्थ है। इस ग्रन्थ में डॉ. अम्बेडकर ने भगवान बुद्ध , महात्मा बुद्ध के विचारों की व्याख्या की है। यह तथागत बुद्ध के जीवन और बौद्ध धम्म के सिद्धान्तों पर प्रकाश डालता है। यह डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर द्वारा रचित अंतिम ग्रन्थ है ।

bhagwan_buddha_aur_unka_dhamma_-_Written_by_dr_Bhimrao_Ramji_Ambedkar_in_Hindi
परिचय

आमुख

प्रथम खंड

सिद्धार्थ गौतम- बोधिसत्व किस प्रकार बुद्ध बने ?

     प्रथम भाग : जन्म से प्रव्रज्या

     दूसरा भाग सदा के लिये अभिनिष्क्रमण

     तीसरा भाग : नये प्रकाश की खोज मे

     चौथा भाग : ज्ञान- लाभ और नवीन मार्ग का दर्शन

     पाचवा भाग : बुद्ध और उनके पूर्ववर्ती

     छठाँ भाग : बुद्ध और उनके समकालीन

     सातवाँ भाग : समानता तथा विषमता

द्वितीय खंड

धम्म दीक्षाओं का आंदोलन

     पहला भाग : बुद्ध और उनका विषाद योग

     दुसरा भाग : परिव्राजको की दीक्षा

     तीसरा भाग : कुलीनों तथा धार्मिकों की धम्म-दीक्षा

     चौथा भाग : जन्मभूमि का आवाहन

     पाँचवाँ भाग : धम्म- दीक्षा का पुनरारम्भ

     छठा भाग : निम्नस्तर के लोगों की धम्म- -दीक्षा

     सातवाँ भाग : स्त्रियों की धम्म- दीक्षा

     आठवाँ भाग : पतितों तथा अपराधियों की धम्म-दीक्षा
 

तृतीय खंड

बुद्ध ने क्या सिखाया


     प्रथम भाग : 'धम्म' मे भगवान बुद्ध का अपना स्थान

     दुसरा भाग : भगवान बुद्ध के धम्म के बारे में विविध मत

     तीसरा भाग : धम्म क्या हैं?

     चौथा भाग : अ-धम्म क्या हैं?

     पाचवा भाग : सद्धम्म क्या है?

चतुर्थ खंड

मजहब (धर्म) और धम्म

     पहला भाग : मजहब (धर्म) और धम्म

     तीसरा भाग : बौद्ध जीवन मार्ग

     चौथा भाग : बुद्ध प्रवचन

पंचम खंड

संघ

     पहला भाग : संघ

     दूसरा भाग : भिक्षु – भगवान् बुद्ध की कल्पना

     तीसरा भाग भिक्षु के कर्तव्य

     चौथा भाग : भिक्षु और गृहस्थ

     पांचवा भाग : गृहस्थों के जीवन-नियम (विनय)

षष्ठम खंड

     भगवान बुद्ध और उनके समकालिन

     पहला भाग : उनके समर्थक

     दूसरा भाग : भगवान बुद्ध के विरोधी

     तीसरा भाग : उनके धम्म के आलोचक

     चौथा भाग: समर्थक और प्रशंसक

सप्तम खंड

महान परिव्राजक की अन्तिम चारिका

     पहला भाग : निकटस्थ जनों से भेंट

     दूसरा भाग : वैशाली से विदाई

     तीसरा भाग : महा परिनिर्वाण

अष्टम खंड

महामानव सिद्धार्थ गौतम

     पहला भाग उनका व्यक्तित्व

     दूसरा भाग उनकी मानवता

     तीसरा भाग : उन्हें क्या नापसन्द था और क्या पसन्द?

समाप्ति